Swastha Rahen, Mast Rahen
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पुस्तकाकारे विषय में अनुकूलित बन जाइए, मिकीमाइज हो जाइए! जीवन दो ध्रुवों के बीच झूलता रहता है। अपनी इच्छा के खिलाफ हम लगातार कभी इसके तो कभी उसके पीछे भागते रहते हैं। इस भागमभाग का अपना ही नुकसान होता है। प्रकृति के उस बल के अधीन कर दिए जाने पर हम शक्तिहीन और त रूप से बेचैन हो उठते हैं, जिसे हम किसी सार्थक काम में नहीं बदल पाते। इसका मुकाबला करने के लिए ‘स्वस्थ रहें मस्त रहें’ आपके जीवन को सरल बनाने और शून्य की उस दशा का पता लगाने में आपकी सहायता करेगी, जो आपकी असीम क्षमता का आंतरिक स्रोत है। दुनिया के विख्यात संपूर्ण स्वास्थ्य गुरु और ‘कॉरपोरेट जीवन के कोच, डॉ. मिकी मेहता आपको बताएँगे कि कैसे सकारात्मक या नकारात्मक नहीं, बल्कि अनुकूलित बनें, ताकि आप अपने सर्वश्रेष्ठ रूप में आ सकें। साँस लेने से सोने तक वे आपको अपने जीवन के विभिन्न पहलुओं के विषय में अलग तरीके से विचार कर अपने मन और शरीर की खोज करना सिखाते हैं और दिखाते हैं कि किस प्रकार अर्थव्यवस्था के स्थान पर सुधार को चुनें। इस पुस्तक में शामिल अनोखे और प्रेरित करनेवाले सूत्रवाक्य तथा गहन दार्शनिक विचार आपको ऊर्जावान, संतुष्ट और शांतिमय बना देंगे। सुखी-स्वस्थ-संतुष्ट-सार्थक जीवन जीने के गुरुमंत्र बताती यह पठनीय कृति|
पुस्तकाकारे विषय में अनुकूलित बन जाइए, मिकीमाइज हो जाइए! जीवन दो ध्रुवों के बीच झूलता रहता है। अपनी इच्छा के खिलाफ हम लगातार कभी इसके तो कभी उसके पीछे भागते रहते हैं। इस भागमभाग का अपना ही नुकसान होता है। प्रकृति के उस बल के अधीन कर दिए जाने पर हम शक्तिहीन और त रूप से बेचैन हो उठते हैं, जिसे हम किसी सार्थक काम में नहीं बदल पाते। इसका मुकाबला करने के लिए ‘स्वस्थ रहें मस्त रहें’ आपके जीवन को सरल बनाने और शून्य की उस दशा का पता लगाने में आपकी सहायता करेगी, जो आपकी असीम क्षमता का आंतरिक स्रोत है। दुनिया के विख्यात संपूर्ण स्वास्थ्य गुरु और ‘कॉरपोरेट जीवन के कोच, डॉ. मिकी मेहता आपको बताएँगे कि कैसे सकारात्मक या नकारात्मक नहीं, बल्कि अनुकूलित बनें, ताकि आप अपने सर्वश्रेष्ठ रूप में आ सकें। साँस लेने से सोने तक वे आपको अपने जीवन के विभिन्न पहलुओं के विषय में अलग तरीके से विचार कर अपने मन और शरीर की खोज करना सिखाते हैं और दिखाते हैं कि किस प्रकार अर्थव्यवस्था के स्थान पर सुधार को चुनें। इस पुस्तक में शामिल अनोखे और प्रेरित करनेवाले सूत्रवाक्य तथा गहन दार्शनिक विचार आपको ऊर्जावान, संतुष्ट और शांतिमय बना देंगे। सुखी-स्वस्थ-संतुष्ट-सार्थक जीवन जीने के गुरुमंत्र बताती यह पठनीय कृति|
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